Kanpur Rathyatra (2)पुराने कानपूर में एक रथ पर सवार श्री जगन्नाथ, बलदेव एवं सुभद्रा जी ने हज़ारों नृत्य करते हुए भक्तों के साथ कानपुरवासियों को दर्शन दिए । इंद्रधनुषीय रंगों से सराबोर भक्तों के समूह ने फुलबाग़ चौराहे से यात्रा आरम्भ करते हुए, व्यस्त बाजारों से होते हुए वापस फूलबाग में यात्रा का समापन किया ।
Kanpur Rathyatra (1)भगवान जगन्नाथ की सुंदरता देखते ही बनती थी । उन्हें रंग-बिरंगे फूलों से सजाया गया था । रथयात्रा का आयोजन सदियों से चला आ रहा है और आज श्रील प्रभुपाद की कृपा से विश्वभर के अनेकों देशों पर यह रथयात्रा निकाली जा रही है । इसी श्रृंखला में कानपूर नगर के इस्कॉन मंदिर के उद्घाटन के बाद की यह पहली रथयात्रा बड़ी ही धूमधाम से निकाली गयी ।
Kanpur Rathyatra (1)इस रथयात्रा में बनारस, लखनऊ, पटना एवं वृन्दावन से आये हुए भक्तों ने भाग लिया । स्थानीय लोगों ने घरों से निकल कर भगवान जगन्नाथ के दर्शन एवं रथ खींचने का लाभ लिया । पाँच घंटों तक कानपूर नगर हरिनाम की मधुर ध्वनि से सराबोर रहा । अंत में सबके लिए भर-पेट स्वादिष्ट प्रसाद की भी व्यवस्था की गयी थी ।